बढ़ा शिक्षामित्रों का आक्रोश : पढ़ाई का बहिष्कार कर सड़क पर उतरे शिक्षामित्र, समायोजन में उप्र के साथ भेदभाव का आरोप

              उप्र प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के आवाहन पर सोमवार को प्रदेश भर में हुई शिक्षामित्रों की हड़ताल का राजधानी में भी व्यापक असर देखने को मिला। प्राथमिक विद्यालय त्रिवेणीनगर में शिक्षामित्रों की हड़ताल के कारण तालाबंदी रही। यहां पर विद्यार्थी आए और ताला देखकर वापस लौट गए। मलिहाबाद के प्राथमिक विद्यालय भतोइया व प्राथमिक विद्यालय जिन्दौर सहित कई स्कूलों में तालाबंदी रही और पढ़ाई नहीं हुई। वहीं मोहनलालगंज ब्लॉक के प्राथमिक स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षामित्रों ने कार्य बहिष्कार कर भीख मांगकर विरोध जताया। मोहनलालगंज में सड़कों पर उतरकर सभी शिक्षामित्रों ने भीख मांगी।
              सहायक अध्यापक पद पर समायोजन रद होने के बाद शिक्षामित्रों का उबाल बढ़ता जा रहा है। सोमवार को प्रदेशभर में शिक्षा कार्य का बहिष्कार कर शिक्षामित्र सड़कों पर हुंकार भरते रहे। जगह-जगह प्रदर्शन हुए। राजमार्ग जाम करने के साथ ही रेल सेवा प्रभावित की गई। इस बीच कुछ और शिक्षामित्रों की मौत हो गई जबकि कुछ ने आत्महत्या का प्रयास किया। वहीं, हजारों की संख्या में शिक्षामित्रों ने राष्ट्रपति और राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपकर इच्छामृत्यु मांगी है।
                 बागपत के जिवाना गुलियान गांव निवासी शिक्षामित्र मीनाक्षी (35) की सदमे से मौत हो गई। फैजाबाद में सोहावल के इस्माइल नगर दोस्तपुर निवासी शिक्षामित्र रामविशाल पांडेय की मां मंगला देवी (65) की बेटे की नौकरी जाने के गम में मौत हो गई। दरअसल, तीन पुत्रों में रामविशाल ही एक मात्र नौकरी पेशा थे। मैनपुरी में प्रदर्शन के वक्त एक शिक्षामित्र ने अंगोछे का फंदा बनाकर जान देने का प्रयास किया। बदायूं में भी एक शिक्षामित्र ने फांसी लगाने की कोशिश की। कौशांबी में शिक्षामित्र ने बीवी और दो बेटियों के साथ सल्फास खाने का प्रयास किया, पर पड़ोसियों ने रोक लिया।
                बांदा में सहायक अध्यापक कामता प्रसाद (45) ने सल्फास खा लिया, उनका इलाज चल रहा है।  स्कूलों में पड़े रहे ताले : प्रदेशभर में कई परिषदीय स्कूलों में ताले पड़े रहे। शिक्षामित्रों ने जबरन स्कूल बंद करावा दिए गए। इलाहाबाद, प्रतापगढ़ तथा कौशांबी, मुरादाबाद, कानपुर, आगरा, एटा, हरदोई, लखनऊ, सुलतानपुर, बरेली,बस्ती, श्रवस्ती, बनारस, गोरखपुर, देवरिया समेत सभी जिलों में सड़कों पर उतरे शिक्षामित्रों ने जमकर प्रदर्शन किया। राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद के खिलाफ नारेबाजी करके शिक्षा मित्रों के साथ सौतेले व्यवहार का आरोप लगाया। शामली में शिक्षामित्रंे ने निर्णय किया कि वे बांह में काली पट्टी बांधकर स्कूलों में पढ़ाएंगे। फरुखाबाद, उन्नाव, उरई, औरैया, इटावा, फतेहपुर, बांदा, महोबा, चित्रकूट और हमीरपुर में भी शिक्षामित्रों में उबाल दिखा।
                 कइयों को दिल का दौरा, कई बेहोश : फैजाबाद में समाज कल्याण मंत्री अवधेश प्रसाद को ज्ञापन देने गई आरती यादव बेहोश हो गई। शिक्षामित्र अर्चना पांडेय धरने के दौरान सीने में दर्द उठने से बेहोश हो गई। अलीगढ़ में भी दो जबकि फीरोजाबाद व पीलीभीत में एक शिक्षामित्र को दिल का दौरा पड़ गया। इन सभी को अस्पताल में भर्ती कराया गया। सदमे के कारण शाहजहांपुर में छह शिक्षामित्रों की तबीयत बिगड़ गई। मैनपुरी, आगरा, मथुरा, एटा, कानपुर और हरदोई में भी प्रदर्शन के दौरान कई बेहोश हो गए
                 शिक्षामित्र संघ के ब्लॉक अध्यक्ष प्रदीप सिंह ने राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (एनसीटीई) पर दोहरा मापदंड अपनाने का आरोप लगाया।  उन्होंने कहा कि उत्तराखंड और महाराष्ट्र में भी शिक्षामित्र समायोजित हुए हैं मगर यूपी में एनसीटीई ने हमारे समायोजन को रद कर दोहरा मापदंड अपनाया है। वहीं बख्शी का तालाब ब्लाक में शिक्षामित्रों की हड़ताल का असर दिखा। यहां पर प्राथमिक स्कूलों में पढ़ाई पटरी से उतर गई। इटौंजा में स्थित ब्लॉक संसाधन केन्द्र (बीआरसी) पर शिक्षामित्रों ने बैठक की और समायोजन रद होने का विरोध किया। यहां पर प्राथमिक विद्यालय इटौंजा, प्राथमिक विद्यालय सरैया, प्राथमिक विद्यालय बढ़ौली सहित लगभग सभी स्कूलों में शिक्षामित्रों ने कार्यबहिष्कार किया। शिक्षामित्र संघ के प्रदेश उपाध्यक्ष सुनील भदौरिया ने कहा कि हम सभी को धैर्य के साथ अपना आंदोलन चलाना होगा आगे सर्वोच्च न्यायालय में हमें जीत मिलेगी।
                  चिनहट ब्लॉक में भी शिक्षामित्र स्कूल नहीं आए उन्होंने पूरी तरह कार्य बहिष्कार किया। यहां पर प्राथमिक विद्यालय सरायं शेख, प्राथमिक विद्यालय कमता, प्राथमिक विद्यालय जुग्गौर व प्राथमिक विद्यालय इस्माइलगंज सहित सभी स्कूलों में शिक्षामित्रों ने कार्य का बहिष्कार किया। इस ब्लॉक के कई शिक्षामित्रों की ड्यूटी पल्स पोलियो अभियान में भी मिलेगी हुई थी, लेकिन वह वहां भी नहीं गए। वहीं हजरतगंज स्थित जीपीओ पार्क में गांधी प्रतिमा के पास नगर क्षेत्र के शिक्षामित्रों ने सदमे में आत्महत्या करने वाले शिक्षामित्रों को श्रद्धांजलि दी और अपना आंदोलन तेज करने की हुंकार भरी। अब मंगलवार से शिक्षामित्र स्कूलों में काली पट्टी बांधकर पढ़ाई करवाएंगे।

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