अटेंडेंस का नया मॉड्यूल जारी ; ज्यादा हाजिरी वाले जिले के तीन स्कूलों को पुरस्कार, हाजिरी भेजने में फेल हुए तो कार्रवाई

                  प्राइमरी स्कूलों के शिक्षक बच्चों की हाजिरी में हेर-फेर नहीं कर पाएंगे। अब हर शिक्षक को रोजाना अपनी कक्षा में गैरहाजिर बच्चों की संख्या एसएमएस के जरिए भेजनी होगी। यह हाजिरी विभाग और शासन के आला अफसर मॉनीटर करेंगे।
                  सबसे ज्यादा हाजिरी वाले जिले के तीन स्कूलों को सरकार पुरस्कृत करेगी लेकिन जो इसमें फेल साबित हुए उन पर कार्रवाई भी होगी। इस नई जिम्मेदारी से शिक्षकों को खुद भी स्कूल गोल करना  मुश्किल होगा।
                    अब तक हेडमास्टरों को बच्चों की हाजिरी का ब्योरा महीने के अंत में ब्लॉक स्तर पर भेजना होता था। वहीं मिड-डे-मील की ऑनलाइन मॉनिटरिंग होती थी। उसमें भी सिर्फ स्कूल में कुल भोजन करने वाले बच्चों की संख्या हेड मास्टर को बतानी होती थी। स्कूल की छुट्टी के समय खुद एमडीएम कार्यालय से कॉल आती थी। उसमें उन्हें सिर्फ एमडीएम खाने वाले कुल बच्चों की संख्या बतानी होती थी। रोजाना हाजिरी की कोई व्यवस्था नहीं थी।
                   हालांकि सरकार ने यह पहल समाजवादी पेंशन योजना का दायरा बढ़ाने के लिए की है लेकिन इससे शिक्षकों की बेचैनी बढ़ गई है। दरअसल समाजवादी पेंशन योजना के दायरे में आने वाले उस व्यक्ति की पेंशन 50 रुपये बढ़ाई जाएगी, जिसके बच्चे की स्कूल में उपस्थिति 75 फीसदी से ऊपर है।
फेल होने वाले स्कूल पर होगी कार्रवाई
                 निर्देशों में यह भी कहा गया है कि जो स्कूल तय मॉड्यूल से बच्चों की उपस्थिति का ब्योरा नहीं भेजेंगे, उनको नोटिस भेजकर जवाब मांगा जाएगा। उसके बावजूद वह स्कूल फिर से फेल होता है तो उसे डिफॉल्टर घोषित कर दिया जाएगा और प्रधानाध्यापक के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षकों की 90% अटेंडेंस जरूरी
                  छात्रों की सबसे अच्छी अटेंडेंस वाले हर जिले के तीन स्कूलों को पुरस्कृत किया जाएगा। इसी तरह तीन जिले और मंडल भी पुरस्कृत किए जाएंगे। पुरस्कार की शर्त यह होगी कि प्राइमरी में बच्चों की उपस्थिति 70 फीसदी से ऊपर हो और अपर प्राइमरी में यह उपस्थिति 75 प्रतिशत से ऊपर हो। पुरस्कार उन्हीं स्कूलों को मिलेगा, जिनके शिक्षकों की उपस्थिति भी 90 फीसदी से ऊपर हो। इसलिए स्कूलों की अच्छी परफॉर्मेंस के लिए शिक्षकों को खुद भी स्कूल आना ही होगा।
ऐसे भेजेंगे अटेंडेंस
                 शिक्षक अपनी क्लास का नाम और उसमें गैरहाजिर छात्रों की संख्या लिखकर एसएमएस करेंगे। इस आदेश में एसएमस करने का तरीका भी बताया गया है। साथ ही यह भी निर्देश दिए गए हैं कि जिला विज्ञान अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी और सहायक बेसिक शिक्षा अधिकारी कुछ शिक्षकों के साथ बैठक करके यह तरीका उन्हें समझाएंगे। वे जांचेंगे कि तय नंबर पर तय फॉर्मेट में एसएमएस पहुंच रहा है या नहीं। उसके बाद इस व्यवस्था को वे लागू करेंगे।

Kewards ; teachers,students,attendence,basic

Comments

Popular posts from this blog

69 हजार शिक्षक भर्ती Answer Key : आज जारी होगी उत्तरमाला, अगले सप्ताह जारी हो सकता है रिजल्ट

72 हजार प्रशिक्षु शिक्षकों को स्कूलों में तैनाती देने का मामला : सरकार ने आयोग से अनुमति मांगी 

इलाहाबाद विश्वविद्यालय के अलग-अलग पाठ्यक्रमों की प्रवेश परीक्षाएं ; 13 अप्रैल से ऑनलाइन आवेदन शुरू,प्रवेश परीक्षाएं 25 से 30 मई के बीच

शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) 2011 सफेदा मामला : हाईकोर्ट ने ओएमआर शीट में व्हाइटनर प्रयोग करने वालों की सूची मांगी

एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती : अपने ही साथियों से जूनियर हो गए एलटी ग्रेड शिक्षक, विवादों के चलते देरी से हो पाई नियुक्ति

110 सब-असिस्टेंट इंजीनियर, स्टाफ नर्स एवं अन्य पदों की वेकेंसी के लिए भर्तियाँ, करें आवेदन 7 अप्रैल 2020 तक

सैनिक स्कूल में टीजीटी और नर्सिंग सहायक पदों के लिए भर्तियाँ, 29 जून 2019 तक करें आवेदन

केंद्रीय रेशम बोर्ड, वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा कई विभिन्न पदों पर भर्तियाँ, 17 जुलाई, 2020 तक करें आवेदन

भारतीय आयुध निर्माणी बोर्ड में 6060 पदों पर भर्तियां, 9 फरवरी 2020 तक करें आवेदन