विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ; पीएचडी छात्रों के लिए पंजीकरण से पहले दो नए पाठ्यक्रमों का अध्ययन अनिवार्य

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने पीएचडी छात्रों के लिए पंजीकरण से पहले पाठ्यक्रम के लिए प्रकाशन नैतिकता और कदाचार के दो नए पाठ्यक्रमों का अध्ययन अनिवार्य बना दिया है। आयोग ने हाल ही में एक बैठक में यह फैसला लिया है।

यूजीसी के एक अधिकारी ने बताया कि आयोग ने अपनी हालिया बैठक में पंजीकरण से पहले पाठ्यक्रम के लिए सभी पीएचडी छात्रों के लिए प्रकाशन नैतिकता (पब्लिकेशन एथिक्स) और प्रकाशन कदाचार (पब्लिकेशन मिसकंडक्ट) के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए दो क्रेडिट कोर्स को मंजूरी दी।

यूजीसी ने सभी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को निर्देश दिए हैं कि यह सुनिश्चित करें कि अगले सत्र से ये दो कोर्स भी पीएचडी कोर्स वर्क में भी शामिल किए जाएं। पीएचडी पाठ्यक्रम में वर्तमान में अनुसंधान पद्धति (रिसर्च मेथोडोलॉजी) शामिल है, जिसमें मात्रात्मक तरीकों (क्वांटेटिव मेथड), कंप्यूटर अनुप्रयोगों (कंप्यूटर एप्लीकेशन) और  प्रकाशित शोध की समीक्षा जैसे क्षेत्रों के कोर्स  शामिल हैं।

Comments

Popular posts from this blog

शिक्षामित्रों की कैविएट मंजूर ; सुनवाई 8 जनवरी को होगी

मिड डे मील के रसोइयों का मानदेय होगा दोगुना ; राज्य सरकार ने मानदेय एक हजार रुपये से बढ़ा कर 2 हजार रुपए करने का प्रस्ताव केन्द्र को भेजा

यूपी के युवाओं की रकम नौकरी के आवेदनों में डम्प ; यूपी सरकार ने बेरोजगारों को लगाया 3 अरब रुपये का चूना

शिक्षामित्र एवं टीईटी भर्ती मामला ; सुनवाई 7 को

शिक्षामित्रों का धरना 5 अप्रैल से ; असमायोजित शिक्षामित्र हुए आंदोलित

आप भी घर बैठे कमायें 50 हजार रुपए महीने , करें रोजाना ऑनलाइन काम

10वीं पास के लिए SSC NR में सुनहरा मौका, 60 हजार सैलरी APPLY SOON

शिक्षामित्र समायोजन का एक प्रमुख संरक्षक और सुरक्षा कवच ; संविधान का अनुच्छेद 21

राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एनडीएमए) में DEO, Database Administrator और GIS Application Developer के पदों पर भर्तियाँ, 10 जनवरी 2020 तक करें आवेदन

Apply for 165 Intelligence Officer and Other Posts