विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ; पीएचडी छात्रों के लिए पंजीकरण से पहले दो नए पाठ्यक्रमों का अध्ययन अनिवार्य

विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) ने पीएचडी छात्रों के लिए पंजीकरण से पहले पाठ्यक्रम के लिए प्रकाशन नैतिकता और कदाचार के दो नए पाठ्यक्रमों का अध्ययन अनिवार्य बना दिया है। आयोग ने हाल ही में एक बैठक में यह फैसला लिया है।

यूजीसी के एक अधिकारी ने बताया कि आयोग ने अपनी हालिया बैठक में पंजीकरण से पहले पाठ्यक्रम के लिए सभी पीएचडी छात्रों के लिए प्रकाशन नैतिकता (पब्लिकेशन एथिक्स) और प्रकाशन कदाचार (पब्लिकेशन मिसकंडक्ट) के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए दो क्रेडिट कोर्स को मंजूरी दी।

यूजीसी ने सभी विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को निर्देश दिए हैं कि यह सुनिश्चित करें कि अगले सत्र से ये दो कोर्स भी पीएचडी कोर्स वर्क में भी शामिल किए जाएं। पीएचडी पाठ्यक्रम में वर्तमान में अनुसंधान पद्धति (रिसर्च मेथोडोलॉजी) शामिल है, जिसमें मात्रात्मक तरीकों (क्वांटेटिव मेथड), कंप्यूटर अनुप्रयोगों (कंप्यूटर एप्लीकेशन) और  प्रकाशित शोध की समीक्षा जैसे क्षेत्रों के कोर्स  शामिल हैं।

Comments

Popular posts from this blog

आईआईसीटी भर्ती2018 ; टेक्निशियन के पदों पर आवेदन

सैनिक स्कूल में टीजीटी, एलडीसी, यूडीसी सहित अनेक पदों पर भर्तियाँ, 29 फरवरी 2020 तक करें आवेदन

79 हजार शिक्षकों की भर्ती अधर में ; 15वां संशोधन हाईकोर्ट से निरस्त होने के कारण सपा सरकार में एकेडमिक रिकार्ड के आधार पर नियुक्ति पाने वाले शिक्षकों की सांस अटकी

BSF sub-inspector and head constable, invites applications for a total of 230 vacant positions

संघ लोक सेवा आयोग में 796 पदों पर भर्तियां, स्नातक पास वाले करें आवेदन 03 मार्च, 2020 तक

स्कूलों का वार्षिक कैलेंडर होगा तैयार ; पढ़ाई के साथ-साथ खेल कूद व अन्य गतिविधियों का भी समय होगा निर्धारण

SBI में विशेषज्ञ कैडर अधिकारी के 38 पदों की भर्ती, इंटरव्यू के आधार पर होगा चयन

यूपी 69000 शिक्षक भर्ती: यहां देखें जिला आवंटन और अंतिम चयन सूची, 67867 उम्मीदवारों की काउंसलिंग 3 जून से 6 तक